Wednesday, 18 February 2026

अंबाला की न्यू टैगोर गार्डन कॉलोनी में बदहाल हालात, टूटी सड़कें और जलभराव से लोग परेशान


  हरियाणा के Ambala छावनी क्षेत्र के टांगरी बांध स्थित न्यू टैगोर गार्डन कॉलोनी के निवासी पिछले कई महीनों से बदहाल हालात में जीवन गुजारने को मजबूर हैं। कॉलोनी में टूटी सड़कों, जलभराव और गंदगी की समस्या लगातार गंभीर होती जा रही है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि बच्चे रोज इसी जर्जर सड़क से होकर स्कूल जाते हैं और कई बार गिरकर चोटिल भी हो चुके हैं। समस्या इतनी बढ़ गई कि निवासियों ने आपस में पैसे इकट्ठा कर सड़क के गड्ढों में खुद ही मलवा डलवाया, लेकिन यह अस्थायी समाधान है।

कॉलोनी में जगह-जगह कूड़े के ढेर लगे हैं और टूटी नालियों की वजह से खाली प्लॉट्स में गंदा पानी जमा है। इससे डेंगू और मलेरिया जैसी बीमारियों का खतरा बना हुआ है।

निवासियों का आरोप है कि उन्होंने कई बार प्रशासन और स्थानीय पार्षद से शिकायत की, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। लोगों ने प्रशासन से जल्द स्थायी समाधान की मांग की है ताकि कॉलोनी को बुनियादी सुविधाएं मिल सकें और वे सामान्य जीवन जी सकें।

स्थानीय परिवारों का कहना है कि खराब हालात के कारण रिश्तेदार भी घर आने से कतराने लगे हैं। अब देखना होगा कि प्रशासन इस समस्या पर कब ध्यान देता है।

सिर्फ 10 मिनट में तैयार करें शुगर-फ्री टमाटर-अंगूर चटनी, बाजार के जैम-सॉस हो जाएंगे फेल!


  अगर आपके बच्चे बाजार में मिलने वाले सॉस और जैम की ज़िद करते हैं, तो अब टेंशन लेने की जरूरत नहीं है। बाहर मिलने वाले प्रोडक्ट्स में अक्सर ज्यादा चीनी और प्रिजर्वेटिव होते हैं, जो बच्चों की सेहत पर बुरा असर डाल सकते हैं। ऐसे में आप घर पर ही शुगर-फ्री टमाटर और अंगूर की स्वादिष्ट चटनी तैयार कर सकते हैं।

यह चटनी पूरी तरह प्राकृतिक है और इसमें अंगूर की कुदरती मिठास इस्तेमाल होती है, जिससे अलग से चीनी डालने की जरूरत नहीं पड़ती। इसे बनाने के लिए 3–4 पके लाल टमाटर और एक कटोरी मीठे अंगूर लें। टमाटर और अंगूर को अच्छी तरह धोकर छोटे टुकड़ों में काट लें।

अब एक पैन में टमाटर डालकर धीमी आंच पर पकाएं। जब टमाटर नरम हो जाएं, तो उसमें कटे हुए अंगूर मिला दें। चाहें तो स्वाद के लिए थोड़ा सा काला नमक, भुना जीरा पाउडर और चुटकीभर काली मिर्च डाल सकते हैं। मिश्रण को 5–7 मिनट तक पकाएं, जब तक यह गाढ़ा न हो जाए। ठंडा होने पर इसे मिक्सी में हल्का पीस लें।

बस तैयार है आपकी हेल्दी, टेस्टी और शुगर-फ्री टमाटर-अंगूर चटनी। इसे पराठे, ब्रेड या स्नैक्स के साथ परोसें और बच्चों को हेल्दी विकल्प दें।

क्या है हर्निया की समस्या, क्यों होती है और क्या बिना सर्जरी के संभव है इलाज?


 हर्निया एक आम लेकिन गंभीर स्वास्थ्य समस्या है, जिसमें शरीर के अंदरूनी अंग जैसे आंत, फैट या टिश्यू कमजोर मांसपेशियों की दीवार को तोड़कर बाहर निकल आते हैं। यह समस्या अधिकतर पेट या ग्रोइन (जांघ के ऊपरी हिस्से) में देखी जाती है।

नई दिल्ली के Sir Ganga Ram Hospital के गैस्ट्रोएंटरोलॉजी विभाग के चेयरमैन Dr. Anil Arora के अनुसार, मांसपेशियों की कमजोरी, बढ़ती उम्र, पुरानी खांसी, कब्ज के दौरान जोर लगाना, भारी वजन उठाना, चोट या पहले की सर्जरी हर्निया के प्रमुख कारण हो सकते हैं। कुछ मामलों में यह जन्मजात भी हो सकता है।

शुरुआती अवस्था में हर्निया हल्की सूजन या उभार के रूप में दिखाई देता है, जिसे लोग अक्सर नजरअंदाज कर देते हैं। लेकिन समय के साथ दर्द, जलन और असहजता बढ़ सकती है। गंभीर स्थिति में सर्जरी ही सबसे प्रभावी उपचार माना जाता है।

हालांकि शुरुआती स्टेज में डॉक्टर दवाओं और लाइफस्टाइल में बदलाव की सलाह दे सकते हैं, लेकिन स्थायी समाधान के लिए सर्जरी की जरूरत पड़ती है। हर्निया की पुष्टि के लिए अल्ट्रासाउंड या सीटी स्कैन जांच कराई जाती है।

विशेषज्ञों का कहना है कि समय रहते जांच और इलाज करवाने से जटिलताओं से बचा जा सकता है।

समंदर में अमेरिकी मिसाइल स्ट्राइक: 3 नावें तबाह, 11 ढेर; ईरान तनाव के बीच ‘नार्को-टेरर’ पर बड़ा एक्शन


 प्रशांत और कैरिबियन समुद्री क्षेत्र में अमेरिका ने बड़ा सैन्य अभियान चलाते हुए तीन संदिग्ध नावों पर मिसाइल हमला किया। अमेरिकी सेना के United States Southern Command (USSOUTHCOM) की ओर से की गई इस कार्रवाई में 11 लोगों के मारे जाने की पुष्टि हुई है। सेना ने दावा किया है कि ये नावें ड्रग तस्करी के कुख्यात मार्गों पर सक्रिय थीं और मारे गए लोग “नार्को-टेररिस्ट” नेटवर्क से जुड़े थे।

ऑपरेशन का निर्देशन साउदर्न कमांड के प्रमुख Francis L. Donovan ने किया। यह अभियान राष्ट्रपति Donald Trump की “नार्को-वॉर” नीति के तहत चलाया जा रहा है। अमेरिकी सेना ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर हमले की पुष्टि करते हुए कहा कि कार्रवाई खुफिया इनपुट के आधार पर की गई।

यह घटनाक्रम ऐसे समय सामने आया है जब अमेरिका और Iran के बीच परमाणु वार्ता को लेकर तनाव बना हुआ है। हालांकि इस हमले का सीधा संबंध ईरान से नहीं बताया गया है, लेकिन विशेषज्ञ इसे अमेरिका की सख्त वैश्विक रणनीति का संकेत मान रहे हैं।

फिलहाल इस ऑपरेशन को लेकर अंतरराष्ट्रीय कानून और मानवाधिकार के पहलुओं पर सवाल उठने की संभावना जताई जा रही है।

Tuesday, 17 February 2026

जोधपुर हाईकोर्ट को फिर बम से उड़ाने की धमकी, सुनवाई से पहले मचा हड़कंप; खाली कराया परिसर


राजस्थान में एक बार फिर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर हड़कंप मच गया है। मंगलवार को Rajasthan High Court को बम से उड़ाने की धमकी मिली, जिसके बाद जोधपुर स्थित कोर्ट परिसर को तत्काल खाली करा दिया गया।

सूत्रों के मुताबिक धमकी ईमेल के जरिए भेजी गई थी। सूचना मिलते ही पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां हरकत में आ गईं। बम निरोधक दस्ता और डॉग स्क्वॉड को मौके पर बुलाया गया और पूरे परिसर की सघन तलाशी ली गई। एहतियात के तौर पर सभी कोर्ट रूम, चैंबर और आसपास के इलाकों को खाली कराया गया, जिससे सुनवाई की प्रक्रिया प्रभावित हुई।

यह पहली बार नहीं है जब हाईकोर्ट को इस तरह की धमकी मिली हो। इससे पहले भी ईमेल के माध्यम से इसी प्रकार की चेतावनियां भेजी जा चुकी हैं। हालांकि पिछली बार की तरह इस बार भी प्रारंभिक जांच में कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली, लेकिन सुरक्षा एजेंसियां मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच में जुटी हैं।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ईमेल की उत्पत्ति का पता लगाने के लिए साइबर टीम को लगाया गया है। संदिग्ध आईपी एड्रेस और तकनीकी पहलुओं की जांच की जा रही है।

घटना के बाद न्यायालय परिसर के बाहर सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। अधिकारियों ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और आधिकारिक जानकारी पर ही भरोसा करने की अपील की है। 

करिश्मा कपूर के फैन हैं दिनेश लाल यादव, ‘राजा हिंदुस्तानी’ से मिला ‘निरहुआ हिंदुस्तानी’ का आइडिया


 भोजपुरी सिनेमा के सुपरस्टार Dinesh Lal Yadav उर्फ ‘निरहुआ’ ने हाल ही में एक दिलचस्प खुलासा किया है। उन्होंने बताया कि वे बॉलीवुड अभिनेत्री Karisma Kapoor के बड़े फैन रहे हैं और उनकी सुपरहिट फिल्म Raja Hindustani से उन्हें अपनी फिल्म का नाम रखने की प्रेरणा मिली।

दिनेश लाल यादव ने कहा कि जब उन्होंने ‘राजा हिंदुस्तानी’ देखी, तो फिल्म की कहानी, संगीत और करिश्मा कपूर की अदाकारी ने उन पर गहरा असर छोड़ा। इसी से प्रेरित होकर उन्होंने अपनी भोजपुरी फिल्म Nirahua Hindustani का नाम तय किया। यह फिल्म बाद में भोजपुरी सिनेमा की बड़ी हिट साबित हुई और निरहुआ के करियर में मील का पत्थर बनी।

निरहुआ ने यह भी बताया कि वे करिश्मा कपूर की फिल्मों के दीवाने रहे हैं और उनकी स्क्रीन प्रेजेंस से काफी प्रभावित थे। ‘निरहुआ हिंदुस्तानी’ की सफलता के बाद यह नाम उनकी पहचान बन गया।

भोजपुरी और बॉलीवुड के इस दिलचस्प कनेक्शन ने फैंस को भी हैरान कर दिया है। एक सुपरहिट हिंदी फिल्म से प्रेरित होकर बनी भोजपुरी फिल्म ने दिखा दिया कि सिनेमा की कोई सीमा नहीं होती—अच्छी कहानी और प्रेरणा कहीं से भी मिल सकती है

कौन हैं IAS निलेश रामचंद्र देवरे, जिनके चलते बिहार में मचा हंगामा? जानिए पूरा विवाद


  बिहार में इन दिनों आईएएस अधिकारी Nilesh Ramchandra Deore को लेकर सियासी और प्रशासनिक हलकों में हलचल तेज है। उनके एक प्रशासनिक फैसले और उससे जुड़े घटनाक्रम ने राज्य की राजनीति में बहस छेड़ दी है। सोशल मीडिया से लेकर राजनीतिक गलियारों तक उनके नाम की चर्चा हो रही है।

निलेश रामचंद्र देवरे मूल रूप से Maharashtra के रहने वाले हैं। उनके पिता कृषि विभाग में अधिकारी रहे हैं और अब सेवानिवृत्त हो चुके हैं, जबकि उनकी माता गृहिणी हैं। साधारण परिवार से आने वाले देवरे ने कड़ी मेहनत के बल पर सिविल सेवा परीक्षा पास की और भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) में चयनित हुए।

वे अपनी सख्त कार्यशैली, प्रशासनिक पारदर्शिता और अनुशासन के लिए जाने जाते हैं। बिहार में विभिन्न पदों पर कार्य करते हुए उन्होंने कानून-व्यवस्था और विकास योजनाओं को लेकर कई अहम निर्णय लिए हैं।

सूत्रों के अनुसार हाल ही में लिए गए एक प्रशासनिक फैसले के बाद राजनीतिक दलों और कुछ स्थानीय संगठनों ने आपत्ति जताई। विरोध-प्रदर्शन और बयानबाजी का दौर शुरू हो गया, जिसके चलते मामला सुर्खियों में आ गया। हालांकि प्रशासन का कहना है कि निर्णय नियमों और कानून के दायरे में लिया गया है।

विवाद के बीच समर्थक उन्हें ईमानदार और निष्पक्ष अधिकारी बता रहे हैं, जबकि विरोधी पक्ष फैसले पर सवाल उठा रहा है। फिलहाल मामला चर्चा और जांच के दायरे में है।

बदलते मौसम में आम की फसल बचाने के 5 असरदार उपाय


  फरवरी और मार्च का समय आम की फसल के लिए बेहद नाजुक माना जाता है। इसी दौरान पेड़ों पर मंजर आते हैं, लेकिन मौसम का अस्थिर मिजाज किसानों की चिंता बढ़ा देता है। कभी दिन में तेज धूप तो कभी रात में ठंड, साथ ही बेमौसम बारिश—ये सभी परिस्थितियां आम के फूलों और छोटे फलों को नुकसान पहुंचा सकती हैं। तापमान में अचानक बदलाव से मंजर झड़ने लगते हैं, जिससे पैदावार पर सीधा असर पड़ता है।

विशेषज्ञों के अनुसार इस समय सबसे जरूरी है संतुलित सिंचाई। मिट्टी में हल्की नमी बनाए रखना जरूरी है, लेकिन अधिक पानी से बचना चाहिए, क्योंकि जलभराव से फूल गिर सकते हैं। ड्रिप सिंचाई पद्धति बेहतर विकल्प मानी जाती है।

इसके अलावा कीट और रोग नियंत्रण पर भी खास ध्यान देना चाहिए। बदलते मौसम में मैंगो हॉपर, पाउडरी मिल्ड्यू और एन्थ्रेक्नोज जैसी समस्याएं तेजी से फैलती हैं। समय पर जैविक या रासायनिक छिड़काव फसल को सुरक्षित रख सकता है।

मिट्टी में पोषक तत्वों की पूर्ति के लिए बोरॉन और जिंक का छिड़काव लाभकारी होता है। वहीं, खेत में उचित जल निकासी की व्यवस्था बेमौसम बारिश से होने वाले नुकसान को कम कर सकती है।

पानी की टंकी में मिली 4 साल की मासूम की लाश, हत्या की आशंका में जांच तेज


 उत्तर प्रदेश के Muzaffarnagar जिले से दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। शाहपुर थाना क्षेत्र में एक घर की छत पर रखी पानी की टंकी से 4 साल की मासूम बच्ची का शव बरामद किया गया। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार बच्ची की हत्या धारदार हथियार से किए जाने की आशंका जताई जा रही है, जिसके बाद शव को पानी की टंकी में छिपा दिया गया।

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है और सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखा गया है।

बताया जा रहा है कि घटना में बच्ची की मां और दो अन्य बच्चे भी घायल हुए हैं, जिन्हें उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस को शुरुआती जांच में पारिवारिक विवाद की आशंका है, हालांकि अभी तक किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुंचा गया है।

Uttar Pradesh पुलिस ने परिजनों और आसपास के लोगों से पूछताछ शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि साक्ष्यों और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस आरोपी की तलाश में जुटी है और मामले के जल्द खुलासे का दावा कर रही है।

बरेली में नाबालिग छात्रा से दुष्कर्म का आरोप, मुख्य आरोपी गिरफ्तार


  उत्तर प्रदेश के Bareilly जिले के नवाबगंज क्षेत्र में हाईस्कूल की एक नाबालिग छात्रा के साथ कथित दुष्कर्म का मामला सामने आया है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और छात्रा को अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसकी हालत नाजुक बताई जा रही है।

परिजनों की शिकायत के आधार पर पुलिस ने मुख्य आरोपी अनस और उसकी दो बहनों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। पुलिस ने आरोपी अनस को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि अन्य आरोपियों की भूमिका की जांच की जा रही है।

प्राथमिक जानकारी के अनुसार, छात्रा को कथित तौर पर परिचितों द्वारा एक होटल में ले जाया गया, जहां उसके साथ गंभीर अपराध किए जाने का आरोप है। मामले की जांच जारी है और पुलिस का कहना है कि साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

यह मामला Uttar Pradesh के नवाबगंज थाना क्षेत्र का बताया जा रहा है। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराया गया है और रिपोर्ट के आधार पर धाराएं बढ़ाई जा सकती हैं।

प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। साथ ही, लोगों से अपील की गई है कि वे अफवाहों से बचें और म

दहाड़ से गूंज उठा पटना चिड़ियाघर! राजगीर से लाई गई दो शेरनियां, आम लोग इस दिन से कर सकेंगे दीदार


 बॉलीवुड की धक-धक गर्ल Madhuri Dixit ने अपने करियर में कई हिट और सुपरहिट फिल्मों में काम किया, लेकिन साल 1991 में आई फिल्म Saajan ने उन्हें नई ऊंचाई पर पहुंचा दिया। यह एक लव ट्रायंगल पर आधारित फिल्म थी, जिसने रिलीज होते ही बॉक्स ऑफिस पर तहलका मचा दिया था।

फिल्म के सभी गाने सुपरहिट साबित हुए, लेकिन एक गाना ऐसा था जिसने सीधे दिल को छू लिया— Jiye To Jiye Kaise। इस दर्दभरे गीत में माधुरी का किरदार प्यार में मिले धोखे के बाद पूरी तरह टूट जाता है। उनके चेहरे के भाव और भावनात्मक अभिनय ने इस गाने को और भी असरदार बना दिया।

इस गाने को मशहूर गायिका Anuradha Paudwal ने अपनी आवाज दी थी। गीत के बोल इतने मार्मिक हैं कि आज भी ब्रेकअप के बाद कई लड़कियां इसे सुनकर अपने जज्बातों को महसूस करती हैं। एक-एक पंक्ति दिल को छू जाती है और आंखें नम कर देती है।

‘साजन’ की सफलता ने फिल्म के तीनों मुख्य सितारों के करियर को नई दिशा दी। आज भी यह फिल्म और उसका यह गाना लोगों की यादों में ताजा है और दर्दभरे रोमांटिक गीतों की सूची में खास जगह रखता है।

माधुरी दीक्षित का ब्लॉकबस्टर गाना, जिसे ब्रेकअप के बाद आज भी सुनती हैं लड़कियां


  बॉलीवुड की धक-धक गर्ल Madhuri Dixit ने अपने करियर में कई हिट और सुपरहिट फिल्मों में काम किया, लेकिन साल 1991 में आई फिल्म Saajan ने उन्हें नई ऊंचाई पर पहुंचा दिया। यह एक लव ट्रायंगल पर आधारित फिल्म थी, जिसने रिलीज होते ही बॉक्स ऑफिस पर तहलका मचा दिया था।

फिल्म के सभी गाने सुपरहिट साबित हुए, लेकिन एक गाना ऐसा था जिसने सीधे दिल को छू लिया— Jiye To Jiye Kaise। इस दर्दभरे गीत में माधुरी का किरदार प्यार में मिले धोखे के बाद टूट जाता है। उनके चेहरे के भाव और भावनात्मक अभिनय ने गाने को और भी असरदार बना दिया।

इस गाने को मशहूर गायिका Anuradha Paudwal ने अपनी आवाज दी थी। गीत के बोल इतने मार्मिक हैं कि आज भी ब्रेकअप के बाद कई लड़कियां इसे सुनकर अपने जज्बातों को महसूस करती हैं। एक-एक पंक्ति दिल को छू जाती है और आंखें नम कर देती है।

‘साजन’ की सफलता ने फिल्म के तीनों मुख्य सितारों के करियर को नई दिशा दी। आज भी यह फिल्म और उसका यह गाना लोगों की यादों में ताजा है, और दर्दभरे रोमांटिक गीतों की सूची में खास जगह रखता है।

ये है भगवान कुबेर का पसंदीदा पौधा! घर में लाए सकारात्मक ऊर्जा, लंबे समय तक नहीं होगी धन की कमी


  वास्तु शास्त्र में कुछ पौधों को धन और सकारात्मक ऊर्जा से जोड़ा जाता है। इन्हीं में से एक है कुबेर का पौधा, जिसे वैज्ञानिक नाम Crassula ovata से जाना जाता है। इसे आमतौर पर जेड प्लांट या मनी प्लांट (जेड) भी कहा जाता है। मान्यता है कि इसे घर या ऑफिस में रखने से आर्थिक स्थिरता और तरक्की के योग बनते हैं।

विशेषज्ञों के अनुसार क्रासुला एक सक्युलेंट पौधा है, जिसकी मोटी और गोल पत्तियां पानी संचित करती हैं। यही कारण है कि इसे रोज पानी देने की जरूरत नहीं होती। हफ्ते में एक या दो बार हल्की सिंचाई और मध्यम धूप इसके लिए पर्याप्त है। ध्यान रहे कि गमले में पानी निकास का छेद जरूर हो, वरना जड़ें सड़ सकती हैं।

वैज्ञानिक दृष्टि से देखें तो हरे पौधे घर की वायु गुणवत्ता सुधारने और मानसिक तनाव कम करने में सहायक माने जाते हैं। वहीं धार्मिक मान्यता में इसे धन के देवता Kubera से जोड़ा जाता है। इसकी गोल पत्तियां धन संचय और समृद्धि का प्रतीक मानी जाती हैं।

वास्तु के अनुसार इसे मुख्य द्वार के पास या दक्षिण-पूर्व दिशा में रखना शुभ माना जाता है। हालांकि, विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि पौधे की नियमित देखभाल और संतुलित रोशनी जरूरी है, तभी यह लंबे समय तक हरा-भरा और आकर्षक बना रहता है।