Wednesday, 21 January 2026

पाली में शर्मनाक मंजर: गंदगी से परेशान 'न्याय का फकीर' कमलेश वैष्णव ने कंबल पर धरना दिया


 पाली शहर में गंदगी और सीवरेज की गंभीर समस्या को लेकर सामाजिक कार्यकर्ता कमलेश वैष्णव ने अनोखा विरोध शुरू किया है। अधिकारियों की अनदेखी से नाराज कमलेश कड़ाके की ठंड में बिना कपड़ों के नहर किनारे सिर्फ कंबल बिछाकर धरने पर बैठे हैं। उनका कहना है कि जब तक नहर की सफाई और ढकाई का काम नहीं होगा, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा।

पाली की अंबेडकर सर्किल से इंदिरा कॉलोनी तक फैली नहर पूरी तरह गंदगी से भरी हुई है, जिससे लोगों की जान-माल और स्वास्थ्य पर खतरा बढ़ गया है। लंबे समय से कई बार नगर निगम और अधिकारियों से अनुरोध किए जाने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हुई।

कमलेश वैष्णव ने अपने धरने के दौरान दो पोस्टर भी लगाए, जिनमें नगर निगम की आर्थिक तंगी और पाली के धन्ना सेठों के योगदान पर सवाल उठाए गए हैं। उनका यह अनूठा अंदाज सोशल मीडिया और स्थानीय मीडिया में चर्चा का विषय बना हुआ है।

राहुल गांधी आज नोएडा पहुंच सकते हैं, युवराज मेहता के परिवार से करेंगे मुलाकात


 नोएडा सेक्टर 150 में हुए दुखद हादसे के बाद कांग्रेस नेता राहुल गांधी आज नोएडा पहुंच सकते हैं। उनका उद्देश्य है युवराज मेहता के परिवार से मुलाकात करना और घटना की पूरी सच्चाई जानना।

युवराज मेहता की मौत पिछले शनिवार को हुई थी, जब निर्माणाधीन मॉल के बेसमेंट में भरे पानी में उनकी कार गिर गई थी। युवराज का शव रविवार सुबह बरामद कर लिया गया था, लेकिन उनकी कार को गड्ढे से निकालने में चार दिन लग गए। इस हादसे ने स्थानीय प्रशासन की लापरवाही पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं और लोगों में गुस्सा बढ़ा है।

राहुल गांधी के नोएडा पहुंचने की खबर के बाद उम्मीद जताई जा रही है कि उनके दौरे से पीड़ित परिवार को सांत्वना मिलेगी और प्रशासन पर भी जांच प्रक्रिया को लेकर दबाव बढ़ेगा।

150 राफेल से लेकर AMCA तक: भारत बनने जा रहा सुपर एयर पावर, पाकिस्तान ही नहीं चीन की भी बढ़ेगी चिंता


  Rafale, Su-57, S-400, Tejas and AMCA Update: आने वाले दशक में भारत अपनी वायु शक्ति को नई ऊंचाइयों पर ले जाने की तैयारी में है। सरकार और भारतीय वायुसेना युद्धस्तर पर काम कर रही हैं, ताकि एयरफोर्स को आधुनिक और घातक बनाया जा सके। भविष्य की योजना के मुताबिक, भारत के बेड़े में करीब 150 राफेल, 60 पांचवीं पीढ़ी के सुखोई-57, 10 S-400 एयर डिफेंस सिस्टम, 210 से ज्यादा स्वदेशी तेजस और लगभग 40 AMCA फिफ्थ जनरेशन फाइटर जेट शामिल हो सकते हैं।

इस रणनीतिक मजबूती का असर सिर्फ पाकिस्तान तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि चीन की भी चुनौतियां बढ़ेंगी। जहां चीन अपने J-20 और J-35 जैसे फाइटर जेट्स पर घमंड कर रहा है, वहीं भारत का AMCA प्रोग्राम भविष्य में 5.5 या उससे भी उन्नत पीढ़ी की क्षमताएं देने की दिशा में बढ़ रहा है।

राफेल की नई डील, सुखोई-57 पर बातचीत, तेजस MK-1A और MK-2 की तेज डिलीवरी, साथ ही S-400 से मजबूत होती एयर डिफेंस—ये सभी कदम भारत को अगले 30–40 वर्षों तक एयर पावर में बढ़त दिला सकते हैं। अगर सब कुछ योजना के मुताबिक रहा, तो भारत एशिया ही नहीं, दुनिया की प्रमुख एयर सुपर पावर में शुमार होगा।

“हां, मैं शंकराचार्य हूं” — स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद का मेला प्रशासन को 8 पन्नों का जवाब, 24 घंटे का अल्टीमेटम


  प्रयागराज माघ मेला प्राधिकरण और स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के बीच चल रहा विवाद और गहराता जा रहा है। मेला प्रशासन की ओर से नोटिस मिलने के बाद अब स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता एके मिश्रा के माध्यम से प्राधिकरण को आठ पन्नों का विस्तृत जवाब भेजा है। अपने जवाब में उन्होंने साफ शब्दों में कहा है—“हां, मैं शंकराचार्य हूं।”

स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने मेला प्रशासन के सभी आरोपों को खारिज करते हुए दावा किया कि उन्हें ब्रह्मलीन शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती ने अपने जीवनकाल में ही उत्तराधिकारी घोषित कर दिया था। उन्होंने बताया कि 11 सितंबर 2022 को स्वरूपानंद सरस्वती के ब्रह्मलीन होने के बाद, 12 सितंबर 2022 को वैदिक विधि-विधान से उनका विधिवत अभिषेक और सार्वजनिक रूप से शंकराचार्य पद पर प्रतिष्ठापन किया गया था।

जवाब में यह भी कहा गया कि शंकराचार्य पद को लेकर किसी भी अदालत से कोई स्थगन आदेश नहीं है और इस तथ्य का उल्लेख सुप्रीम कोर्ट के 14 अक्टूबर 2022 के आदेश में भी दर्ज है। साथ ही श्रृंगेरी, द्वारका और पुरी पीठ के शंकराचार्यों के समर्थन का दावा भी किया गया है।

स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने चेतावनी दी है कि अगर 24 घंटे के भीतर नोटिस वापस नहीं लिया गया, तो मेला प्रशासन के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

Tuesday, 20 January 2026

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CCTV में कैद हुआ चोर, फ्लैट में डुप्लीकेट चाबी से घुसकर नकदी चोरी करते पाया गया


  प्रमोद पांडे ने बताया कि पिछले सप्ताह जब वह किसी जरूरी काम से बाहर गए थे, तब उनके मोबाइल फोन पर एक अलर्ट आया। अलर्ट के माध्यम से उन्हें पता चला कि उनके फ्लैट में कोई अनधिकृत व्यक्ति घुसा है।

जांच के दौरान मिले सीसीटीवी फुटेज में आरोपी को स्पष्ट रूप से देखा गया, जो डुप्लीकेट चाबियों का उपयोग करके फ्लैट में प्रवेश कर रहा था। वीडियो में आरोपी अलमारी खोलकर नकदी निकालते और उसे चुराते हुए दिखाई दे रहा है। इस घटना ने प्रमोद पांडे और उनके परिवार में चिंता और भय पैदा कर दिया है।

स्थानीय पुलिस को सूचित किया गया, जिसके बाद मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल कार्रवाई शुरू कर दी गई। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपी की पहचान और गिरफ्तारी के प्रयास शुरू कर दिए हैं।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि यह मामला चोरी की गंभीर घटना के रूप में दर्ज किया गया है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि वे अपने घर और फ्लैट की सुरक्षा को लेकर सतर्क रहें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत स्थानीय थाने को दें।

विशेषज्ञों का कहना है कि डुप्लीकेट चाबी का उपयोग करने वाले चोरों से बचने के लिए डिजिटल लॉक और सुरक्षा अलर्ट सिस्टम का इस्तेमाल बढ़ाना जरूरी है।

इस मामले ने एक बार फिर यह स्पष्ट कर दिया है कि घर की सुरक्षा में सतर्क रहना और आधुनिक तकनीक का उपयोग करना अब हर नागरिक के लिए अनिवार्य हो गया है।

गुरुग्राम में हैवानियत: डॉक्टर ने स्कॉर्पियो से डिलीवरी बॉय को बार-बार रौंदा, CCTV फुटेज वायर


  गुरुग्राम के सेक्टर-93 में दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां एक स्कॉर्पियो चालक ने एक डिलीवरी बॉय को जानबूझकर कई बार कुचल दिया। पूरी वारदात पास लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है और लोगों में जबरदस्त आक्रोश है।

पुलिस के मुताबिक, आरोपी स्कॉर्पियो चालक पेशे से डॉक्टर बताया जा रहा है। घटना के दौरान पहले दोनों के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी हुई थी। इसके बाद आरोपी ने अपनी कार आगे-पीछे करते हुए डिलीवरी बॉय को बार-बार टक्कर मारी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया।

वीडियो में साफ दिख रहा है कि पीड़ित सड़क पर गिरा पड़ा है, लेकिन चालक रुकने के बजाय उसे दोबारा कुचलता है। स्थानीय लोगों ने किसी तरह बीच-बचाव कर युवक को बचाया और तुरंत अस्पताल पहुंचाया, जहां उसकी हालत नाजुक बताई जा रही है।

सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपी डॉक्टर के खिलाफ हत्या के प्रयास सहित अन्य गंभीर धाराओं में मामला दर्ज कर लिया गया है। स्कॉर्पियो भी जब्त कर ली गई है। पुलिस आरोपी की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही है।

इस घटना के बाद सेक्टर-93 के निवासियों में डर और गुस्सा दोनों हैं। कई लोगों ने मांग की है कि आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई हो और उसे तत्काल गिरफ्तार किया जाए।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है और जल्द ही आरोपी को पकड़ लिया जाएगा। फिलहाल यह वीडियो पूरे गुरुग्राम में चर्चा का विषय बना हुआ है।

RSS के हिंदू सम्मेलन में धीरेंद्र शास्त्री का तीखा संदेश—जातिवाद नहीं, राष्ट्रवाद चाहिए


  बांदा में आयोजित RSS के शताब्दी वर्ष हिंदू सम्मेलन में बागेश्वर धाम के प्रमुख पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने जातिवाद पर कड़ा प्रहार करते हुए देश में राष्ट्रवाद को सर्वोपरि बताया। अपने संबोधन के दौरान उन्होंने तीखे शब्दों में कहा कि जब तक देश में जाति के नाम पर बंटवारा रहेगा, तब तक हिंदू समाज कमजोर बना रहेगा।

धीरेंद्र शास्त्री ने बिना किसी का नाम लिए कहा, “न तो शर्मा बचेंगे, न वर्मा बचेंगे, न क्षत्रिय बचेंगे—अगर हम जाति में बंटे रहे तो पूरा समाज कमजोर होगा।” उनका इशारा साफ था कि हिंदुओं को जातिगत पहचान से ऊपर उठकर एकजुट होना चाहिए।

उन्होंने कहा कि भारत की असली ताकत उसकी सांस्कृतिक एकता और सनातन परंपरा है, जिसे जातिगत विभाजन से नुकसान पहुंच रहा है। शास्त्री ने जोर देकर कहा कि राष्ट्र पहले है, धर्म पहले है और इसके बाद ही बाकी पहचानें आती हैं।

सम्मेलन में मौजूद RSS के पदाधिकारियों और संत समाज ने उनके बयान का समर्थन करते हुए कहा कि समाज को जोड़ने की जरूरत है, न कि तोड़ने की। कई वक्ताओं ने कहा कि इतिहास में जब भी हिंदू समाज बंटा है, तब बाहरी ताकतों ने इसका फायदा उठाया है।

कार्यक्रम में धर्म, संस्कृति और राष्ट्रवाद पर लंबी चर्चा हुई। वक्ताओं ने युवाओं से आह्वान किया कि वे जातिगत राजनीति से दूर रहें और देशहित में काम करें।

हालांकि, शास्त्री के बयान पर राजनीतिक प्रतिक्रियाएं भी सामने आ सकती हैं, क्योंकि जाति का मुद्दा भारतीय राजनीति में बेहद संवेदनशील माना जाता है। बावजूद इसके, समर्थकों का कहना है कि उन्होंने सच बोलने का साहस दिखाया है।

CCTV में कैद हुआ चोर, फ्लैट में डुप्लीकेट चाबी से घुसकर नकदी चोरी करते पाया गया


  प्रमोद पांडे ने बताया कि पिछले सप्ताह जब वह किसी जरूरी काम से बाहर गए थे, तब उनके मोबाइल फोन पर एक अलर्ट आया। अलर्ट के माध्यम से उन्हें पता चला कि उनके फ्लैट में कोई अनधिकृत व्यक्ति घुसा है।

जांच के दौरान मिले सीसीटीवी फुटेज में आरोपी को स्पष्ट रूप से देखा गया, जो डुप्लीकेट चाबियों का उपयोग करके फ्लैट में प्रवेश कर रहा था। वीडियो में आरोपी अलमारी खोलकर नकदी निकालते और उसे चुराते हुए दिखाई दे रहा है। इस घटना ने प्रमोद पांडे और उनके परिवार में चिंता और भय पैदा कर दिया है।

स्थानीय पुलिस को सूचित किया गया, जिसके बाद मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल कार्रवाई शुरू कर दी गई। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपी की पहचान और गिरफ्तारी के प्रयास शुरू कर दिए हैं।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि यह मामला चोरी की गंभीर घटना के रूप में दर्ज किया गया है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि वे अपने घर और फ्लैट की सुरक्षा को लेकर सतर्क रहें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत स्थानीय थाने को दें।

विशेषज्ञों का कहना है कि डुप्लीकेट चाबी का उपयोग करने वाले चोरों से बचने के लिए डिजिटल लॉक और सुरक्षा अलर्ट सिस्टम का इस्तेमाल बढ़ाना जरूरी है।

इस मामले ने एक बार फिर यह स्पष्ट कर दिया है कि घर की सुरक्षा में सतर्क रहना और आधुनिक तकनीक का उपयोग करना अब हर नागरिक के लिए अनिवार्य हो गया है।

मन की असीम शक्तियां: जानें कैसे बदल सकता है आपका जीवन


 प्रत्येक व्यक्ति का मन अद्भुत और अनंत संभावनाओं से भरा हुआ है। यह केवल विचारों और भावनाओं का घर नहीं, बल्कि शक्तियों का भंडार भी है, जिनसे व्यक्ति अपने जीवन को पूरी तरह बदल सकता है।

अकसर हम यह नहीं जानते कि हमारे मन में कितनी शक्तियां छिपी हैं। सृजनात्मकता, धैर्य, ध्यान, सकारात्मक सोच और आत्म-नियंत्रण जैसी क्षमताएं हर किसी के भीतर मौजूद हैं। यदि हम सच में इन शक्तियों को समझें और नियमित अभ्यास के माध्यम से उन्हें विकसित करें, तो असंभव कुछ भी नहीं है।

विशेषज्ञों का कहना है कि मन की शक्ति का सही उपयोग करके व्यक्ति न सिर्फ अपने करियर और व्यक्तिगत जीवन में उत्कृष्टता प्राप्त कर सकता है, बल्कि स्वास्थ्य, संबंध और मानसिक शांति में भी सुधार ला सकता है। उदाहरण के लिए, ध्यान और मानसिक प्रशिक्षण से मानसिक तनाव कम किया जा सकता है और निर्णय लेने की क्षमता बढ़ाई जा सकती है।

सफल लोगों की कहानियां भी यही बताती हैं कि जिन्होंने अपने मन की गहन संभावनाओं को पहचाना और उन्हें सक्रिय किया, वे जीवन में बड़े मुकाम तक पहुंचे। उनके लिए असंभव शब्द का कोई अर्थ नहीं रह गया।

इसलिए, अगर हम अपने मन की शक्तियों से परिचित हों और उन्हें विकसित करें, तो सीमाएं सिर्फ शब्दों तक सीमित रह जाएंगी। हर चुनौती अवसर बन जाएगी और हर सपना साकार।

याद रखें, सबसे बड़ा गुरु और मार्गदर्शक आपका स्वयं का मन है।

दोस्त ड्रग्स ले तो क्या आप भी जाएंगे जेल? नए कानून की सख्त धाराएं समझिए


 


 ड्रग्स से जुड़े मामलों में कानून बेहद सख्त है और कई बार यह दोस्ती पर भी भारी पड़ सकता है। अगर आपके दोस्त के पास ड्रग्स पाया जाता है और आप उसी जगह, घर या वाहन में मौजूद हैं, तो आप भी कानूनी मुसीबत में फंस सकते हैं—भले ही आपने खुद नशा न किया हो।

NDPS एक्ट की धारा 25 और 35 के तहत, यदि आपके वाहन, घर या परिसर में ड्रग्स बरामद होते हैं, तो कानून आपको भी समान रूप से जिम्मेदार मान सकता है, जब तक आप यह साबित न कर दें कि आपको इसकी जानकारी नहीं थी।

इसके अलावा, नई भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 61 साजिश या साझा अपराध में शामिल होने पर सख्त सजा का प्रावधान करती है। ऐसे में सिर्फ मौजूदगी, मदद करना या डिजिटल पेमेंट के सबूत भी आपको आरोपी बना सकते हैं।

कानूनी विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे मामलों में ‘मुझे पता नहीं था’ बचाव के लिए पर्याप्त नहीं होता। इसलिए जोखिम भरे माहौल से दूरी बनाना ही सबसे सुरक्षित विकल्प है।

कोणार्क सूर्य मंदिर: विज्ञान, आस्था और स्थापत्य का अद्भुत संगम


 ओडिशा के ऐतिहासिक और धार्मिक शहर पुरी से लगभग 35 किलोमीटर दूर स्थित कोणार्क सूर्य मंदिर भारत की स्थापत्य प्रतिभा का अनोखा प्रतीक है। यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल के रूप में मान्यता प्राप्त यह मंदिर न केवल धार्मिक आस्था का केंद्र है, बल्कि प्राचीन भारतीय विज्ञान और इंजीनियरिंग की उन्नत समझ को भी दर्शाता है।

इस भव्य मंदिर का निर्माण 13वीं शताब्दी में पूर्वी गंगा वंश के प्रतापी शासक राजा नरसिंहदेव प्रथम ने करवाया था। इतिहासकारों के अनुसार, यह मंदिर उनकी सैन्य विजय और सूर्य देव के प्रति उनकी श्रद्धा का प्रतीक था। पूरे मंदिर को विशाल रथ के रूप में डिजाइन किया गया है, जिसे सात घोड़ों द्वारा खींचते हुए दर्शाया गया है।

मंदिर की सबसे बड़ी विशेषता इसके 24 विशाल पत्थर के पहिए हैं, जो मात्र सजावट नहीं बल्कि वैज्ञानिक धूपघड़ी के रूप में काम करते हैं। इन पहियों पर पड़ने वाली धूप और छाया के आधार पर दिन का समय सटीक रूप से ज्ञात किया जा सकता था, जो तत्कालीन वैज्ञानिक समझ का प्रमाण है।

मंदिर की दीवारों पर की गई जटिल नक्काशी अद्भुत है। इनमें देवी-देवताओं, योद्धाओं, संगीतकारों, नर्तकियों और आम जनजीवन के दृश्य उकेरे गए हैं। इसके साथ ही कुछ कामुक मूर्तियां भी हैं, जिन्हें जीवन के विभिन्न पहलुओं का प्रतीक माना जाता है।

आज कोणार्क सूर्य मंदिर भारत के प्रमुख पर्यटन स्थलों में शामिल है। हर साल लाखों देशी-विदेशी पर्यटक इसकी भव्यता और शिल्पकला देखने पहुंचते हैं, जो इसे भारतीय सांस्कृतिक विरासत का अमूल्य धरोहर बनाता है।

अमेरिका में भारतीय मूल के प्रोफेसर ने छात्रा को दी भारत यात्रा से पहले सुरक्षा सलाह, छेड़छाड़ को लेकर किया सचेत


 अमेरिका के न्यू जर्सी स्थित प्रतिष्ठित स्टीवन्स इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नॉलजी में पढ़ाने वाले भारतीय मूल के प्रोफेसर गौरव सबनीस इन दिनों एक अहम वजह से चर्चा में हैं। दरअसल, उनकी एक छात्रा ने उनसे भारत घूमने की अपनी योजना साझा की थी, जिसके बाद प्रोफेसर सबनीस ने न केवल उसे यात्रा से जुड़े उपयोगी सुझाव दिए, बल्कि भारत में महिलाओं की सुरक्षा से जुड़े संवेदनशील पहलुओं पर भी खुलकर बात की।

छात्रा ने बताया कि वह पहली बार भारत की यात्रा करने वाली है और उसे देश की संस्कृति, खान-पान और ऐतिहासिक स्थलों को देखने का काफी उत्साह है। इस पर प्रोफेसर सबनीस ने उसे भारत की विविधता, रीति-रिवाजों और सामाजिक परिवेश के बारे में विस्तार से समझाया। साथ ही उन्होंने यात्रा के दौरान सतर्क रहने, भीड़-भाड़ वाली जगहों पर सावधानी बरतने और अनजान लोगों पर आसानी से भरोसा न करने की सलाह दी।

सबनीस ने खास तौर पर महिलाओं के साथ होने वाली छेड़छाड़ और असहज परिस्थितियों का जिक्र करते हुए कहा कि विदेश से आने वाली महिला यात्रियों को अतिरिक्त सावधानी बरतनी चाहिए। उन्होंने छात्रा को भरोसेमंद ट्रांसपोर्ट का इस्तेमाल करने, रात में अकेले यात्रा से बचने और स्थानीय संपर्क बनाए रखने की सलाह दी।

उन्होंने यह भी कहा कि भारत में सुरक्षित यात्रा पूरी तरह संभव है, लेकिन जागरूकता और सतर्कता बेहद जरूरी है। उनके अनुसार, सही जानकारी और तैयारी के साथ भारत यात्रा एक यादगार और सकारात्मक अनुभव बन सकती है।

इस घटना ने एक बार फिर भारत में महिला सुरक्षा और विदेशी पर्यटकों की सुरक्षा को लेकर चर्चा तेज कर दी है, जबकि कई लोग प्रोफेसर की सलाह को जिम्मेदार और जरूरी मान रहे हैं।